India Meteorological Department Alerted For Thunderstorm Coming Days People Should Be More Cautious - मौसम विभाग की चेतावनी- देश के कई हिस्सों में तूफान का खतरा, अगले तीन दिन हैं भारी - CREATIVE NEWS

CREATIVE NEWS

Latest And Breaking News On English Hindi. Explore English Hindi Profile At Times Of India For Photos, Videos And Latest News Of English Hindi. Also Find News, Photos And Videos On English Hindi.Find English Hindi Latest News, Videos & Pictures On English Hindi And See Latest Updates, News, Information From . https://thinkrht.blogspot.in Explore More On English Hindi.

Breaking

Home Top Ad

Responsive Ads Here

Post Top Ad

Responsive Ads Here

Friday, May 4, 2018

India Meteorological Department Alerted For Thunderstorm Coming Days People Should Be More Cautious - मौसम विभाग की चेतावनी- देश के कई हिस्सों में तूफान का खतरा, अगले तीन दिन हैं भारी

[ad_1]


ख़बर सुनें



भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि पांच मई को उत्तर प्रदेश के ज्यादातर पूर्वी और पश्चिमी जिलों में बिजली की तेज गर्जन और बौछार के साथ तेज गति की हवाएं चल सकती हैं। वहीं राजस्थान के पश्चिमी हिस्से में सात मई को धूल भरी आंधी और गर्जन की संभावना है। इसके अलावा मौसम विभाग की मानें तो चार, पांच और छह मई को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, यूपी, पूर्वी राजस्थान सहित तटीय क्षेत्रों के अलग-अलग हिस्सों में गर्जन के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं।

 
भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि पांच मई को उत्तर प्रदेश के ज्यादातर पूर्वी और पश्चिमी जिलों में बिजली की तेज गर्जन और बौछार के साथ तेज गति की हवाएं चल सकती हैं। वहीं राजस्थान के पश्चिमी हिस्से में सात मई को धूल भरी आंधी और गर्जन की संभावना है।

इसके अलावा मौसम विभाग की मानें तो चार, पांच और छह मई को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, यूपी, पूर्वी राजस्थान सहित तटीय क्षेत्रों के अलग-अलग हिस्सों में गर्जन के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। 

शनिवार को यूपी के इन जिलों में आ सकती है आंधी

शनिवार को गोरखपुर, बलिया, मऊ, गाजीपुर, अंबेडकरनगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, संतकबीर नगर, सिद्धार्थनगर, बहराइच, गोंडा, बलरामपुर, सीतापुर, खीरी, शाहजहांपुर, पिलीभीत, रामपुर, बरेली, बदायूं, अलीगढ़, एटा, महामायानगर, मथुरा, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, मुरादाबाद, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, बागपत जिलों में तेज गर्जना और आंधी के आसार हैं।
सात राज्यों में आई भयानक आंधी के दो मुख्य कारण हैं। जम्मू एवं कश्मीर में बुधवार को आया नया पश्चिमी विक्षोभ और उत्तरी राजस्थान, हरियाणा एवं पंजाब में बना चक्रवाती हवा का क्षेत्र। यह पश्चिमी विक्षोभ पाकिस्तान की ओर से आया है।

स्काईमेट वेदर के मौसम विज्ञानी महेश पलावत ने यह जानकारी दी है। वैज्ञानिक पलावत के मुताबिक चक्रवाती हवा के क्षेत्र से दो जगहों पर हरियाणा और उत्तरी राजस्थान में गरजने वाले बादल बन गए। 

वहीं चक्रवाती हवा के क्षेत्र वाले इन इलाकों से पूर्व की ओर बिहार तक एक निम्न दबाव की रेखा बन गई। हरियाणा में बने गरजने वाले बादल आगे बढ़े और पूर्वी हरियाणा से लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक जबरदस्त आंधी-बारिश ले आए। उत्तरी राजस्थान के गरजने वाले बादल अलवर आदि शहरों से होते हुए आगरा समेत पूरे मध्य उत्तर प्रदेश में आंधी ले आए। 

100 किलोमीटर की रफ्तार से हवा चली। पेड़ गिरे और भारी तबाही हुई। राजस्थान में तो 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने का दावा किया जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग के अतिरिक्त महानिदेशक मृत्युंजय मोहपात्रा ने बताया कि दूसरे अर्थ में इसे समझें तो उत्तरी भारतीय मैदान में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक बढ़ रहा है। 

वहीं उत्तरी पाकिस्तान व जम्मू कश्मीर में पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आने वाली पूर्वी हवाओं ने वातावरण में नमी पैदा की। पश्चिमी विक्षोभ के कारण ठंडी हवाओं ने गर्म वातावरण को अस्थिर किया। 
राजस्थान भूमध्य रेख के इर्दगिर्द है। इस क्षेत्र में वायु मंडलीय दबाव कम होता है। दबाव सीमा से अधिक पहुंचने पर ठंडी शुष्क हवा जमीन की ओर आती है। वहीं जमीन की हवा ऊपर की ओर उठती है। हवा की रफ्तार ज्यादा होने पर यह आंधी बन जाती है।

निम्न दबाव का क्षेत्र

जिस क्षेत्र में वायु का दबाव आसपास के क्षेत्र से कम हो जाता है, उसे निम्न दबाव का क्षेत्र कहते हैं। इससे बारिश होती है।

पश्चिमी विक्षोभ

भूमध्यसागर से उठी तूफानी हवा को पश्चिमी विक्षोभ कहते हैं। इससे उत्तर पश्चिमी भारत में शीत ऋतु में बर्फबारी होती है। मानसून के इतर गर्मियों और सर्दियों में इससे तेज हवाएं चलती हैं। 


भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि पांच मई को उत्तर प्रदेश के ज्यादातर पूर्वी और पश्चिमी जिलों में बिजली की तेज गर्जन और बौछार के साथ तेज गति की हवाएं चल सकती हैं। वहीं राजस्थान के पश्चिमी हिस्से में सात मई को धूल भरी आंधी और गर्जन की संभावना है। इसके अलावा मौसम विभाग की मानें तो चार, पांच और छह मई को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, यूपी, पूर्वी राजस्थान सहित तटीय क्षेत्रों के अलग-अलग हिस्सों में गर्जन के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं।


अगले तीन दिन देश में तूफान का कहर जारी  रहने वाला है। भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि समूचे उत्तरी और पश्चिमी राज्यों के लोगों के लिए खतरा अभी टला नहीं है। बुधवार को पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती तूफान के चलते देश के उत्तरी पश्चिमी राज्यों में धूल भरी तेज हवाओं के साथ गरज के साथ भारी बारिश ने कहर बरपाया है।

इस तेज अंधड़ में करीब  149 लोगों के मौत होने की खबर है। जिसमें यूपी, राजस्थान, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश व बंगाल में उठे बवंडर और तेज बारिश से भारी तबाही मचाई है। इस आंधी में करीब 400 से ज्यादा पशु भी मारे गए। 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली आंधी से यूपी में सर्वाधिक 92 लोगों की जानें गई और 90 घायल हुए।

 मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा कि मौलम का यह बिगडै़ल मिजाज अगले तीन-चार दिनों तक बना रहेगा। भारतीय मौसम विभाग अधिकारी ने बताया कि 'गंगा के मैदानी क्षेत्र, बंगाल, बिहार, झारखंड और समूचे छोटा नागपुर वाले इलाके में गरमी के मौसम में आने वाले ऐसे तूफान को 'काल बैशाखी' के नाम से जाना जाता है। यह एक तरह की पूर्व चेतावनी है। हालांकि इस महीने में अकसर देश इस तरह के तूफान का सामना करता रहा है। 

भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए समूचे उत्तरी पश्चिमी राज्यों में लोगों को चक्रवाती तूफान से बचने की हिदायत दी है। इसमें उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल, तराई और मध्य उत्तर प्रदेश के जिलों में स्थानीय स्तर की चेतावनी भी जारी की गई है। अगले तीन-चार दिनों तक चक्रवाती तूफान की आशंका है। इससे जहां राजस्थान में धूल भरी आंधी के साथ बारिश होगी, वहीं मैदानी क्षेत्रों में ओलावृष्टि के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने के आसार हैं। इससे जनजीवन प्रभावित हो सकता है।

 



 






आगे पढ़ें

बिजली की तेज गर्जन और बौछार के साथ तेज गति की हवाएं चल सकती हैं







[ad_2]

Source link

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Responsive Ads Here

Pages